कोरोना के कारण नेशनल कैंप से हटीं विनेश फोगाट, महासंघ ने कहा- दुकान नहीं चला रहे हैं

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विनेश फोगाट स्‍वास्‍थ्‍य जोखिम का हवाला देकर कैंप से हट गई हैं (फाइल फोटो)

विनेश फोगाट (Vinesh Phogat) टोक्यो ओलिंपिक के लिए क्वालीफाई करने वाली एकमात्र भारतीय महिला पहलवान हैं

नई दिल्ली. टोक्यो ओलिंपिक के लिए क्‍वालिफाई करने वाली एकमात्र भारतीय महिला पहलवान विनेश फोगाट (Vinesh Phogat) कोविड-19 महामारी के बीच स्वास्थ्य चिंताओं का हवाला देकर राष्ट्रीय शिविर से हट गई हैं, उनके इस फैसले से राष्ट्रीय महासंघ नाराज है. ओलिंपिक वजन वर्ग के पहलवानों के लिए राष्ट्रीय शिविर एक सितंबर से लखनऊ (महिला) और सोनीपत (पुरुष) में शुरू होगा. हालांकि विनेश लखनऊ की यात्रा करने को लेकर सहज नहीं थीं, क्योंकि महामारी के बीच उन्हें अपने स्वास्थ्य को लेकर डर है.

विनेश ने पीटीआई से कहा कि मैं शिविर में हिस्सा नहीं लेने जा रही. मैं कोच ओम प्रकाश के साथ रोजाना ट्रेनिंग कर रही हूं जो उस योजना का पालन करते हैं जो मेरे निजी कोच वूलर एकोस हर हफ्ते मुझे भेजते हैं. लखनऊ की यात्रा करने के लिए स्थिति ठीक नहीं है.

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सेहत को लेकर नहीं उठाना चाहती जोखिम

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विनेश को छूट देने पर का फैसला चयन समिति करेगी

भारतीय कुश्ती महासंघ (डब्ल्यूएफआई) हालांकि एशियाई खेलों की स्वर्ण पदक विजेता के कारणों से प्रभावित नहीं है. डब्ल्यूएफआई के सहायक सचिव विनोद तोमर ने कहा कि चयन समिति फैसला करेगी कि विनेश को छूट मिलेगी या नहीं. शिविर खिलाड़ियों के लिए है. हम चाहते हैं कि अब ओलिंपिक के लिए तैयारी शुरू हो जाए. उन्होंने कहा कि हम अपने फायदे के लिए दुकान नहीं चला रहे हैं, शिविर खिलाड़ियों के लिए है और जब वे इस तरह का अंदेशा जताते हैं तो यह हैरानी भरा होता है.

विनेश को छूट देने पर का फैसला चयन समिति करेगी

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सुशील कुमार का मामला अलग

सुशील कुमार को राष्ट्रीय शिविर में हिस्सा लेने की जगह छत्रसाल स्टेडियम रहने और ट्रेनिंग की छूट पर तोमर ने कहा कि उनका मामला अलग है. उन्होंने कहा कि हमें पता है कि छत्रसाल में बड़ी सुविधा है. वहां जिम है, मैट है और सुशील की ट्रेनिंग के लिए पर्याप्त जोड़ीदार हैं. हमें नहीं पता कि विनेश कौन से अखाड़े में ट्रेनिंग कर रही है, वहां किस तरह की सुविधाएं हैं. तोमर ने कहा कि साइ टाप्स के जरिए इन खिलाड़ियों का समर्थन करता है और कई विदेशी दौरों पर भेजता है. उन्हें इस बारे में सोचना चाहिए

सुशील कुमार का मामला अलग

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