नक्सलियों के चंगुल से वापस लौटे कोबरा जवान राकेश्वर सिंह, गृहमंत्री अमित शाह ने की बात

0
119


बीजापुर हमला: अपहृत कोबरा कमांडो को नक्सलियों ने किया मुक्त. (फोटो साभार-ANI)

Bijapur Naxal Attack: सीआरपीएफ (CRPF) के जवान राकेश्‍वर सिंह मनहास को नक्‍सलियों ने रिहा कर दिया है. कोबरा जवान की घर वापसी के बाद अमित शाह ने उनसे टेलीफोन पर बात की.

नई दिल्‍ली. बीजापुर हमले के दौरान अगवा किए गए सीआरपीएफ (CRPF) के जवान राकेश्‍वर सिंह मनहास (Rakeshwar Singh Manhas) को नक्‍सलियों ने रिहा कर दिया है. कोबरा बटालियन के जवान की घर वापसी के बाद केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह ने उनसे टेलीफोन पर बात की. गृह मंत्रालय के एक अधिकारी ने बताया कि टेलीफोन पर हुई बातचीत में अमित शाह ने कांस्टेबल राकेश्वर सिंह मनहास का कुशलक्षेम जाना.

इससे पहले अमित शाह ने छत्तीसगढ़ के बीजापुर स्‍थित सीआरपीएफ (CRPF) कैंप पहुंचकर जवानों से मुलाकात की थी और उनका मनोबल बढ़ाया था. साथ ही गृह मंत्री ने कहा था कि जवानों के बलिदान को देश भुला नहीं पाएगा. उनका बलिदान व्‍यर्थ नहीं जाएगा.

छत्तीसगढ़ के बीजापुर में तीन अप्रैल को नक्सिलयों ने सुरक्षाबलों पर हमला कर दिया था जिसमें 22 सुरक्षा कर्मी शहीद हो गए थे. इसके बाद नक्सलियों ने 210वीं बटालियन के कोबरा कमांडो मनहास को अगवा कर लिया था. जवान को सुरक्षित रूप से मुक्त कराने के लिए राज्य सरकार द्वारा जनजातीय समुदाय के एक सदस्य समेत कुछ गणमान्य व्यक्तियों का एक दल गठित किया गया था. इसके बाद माओवादियों ने मनहास को मुक्त कर दिया.

ये भी पढ़ें: Exclusive: जंगल में भटके, नक्सलियों ने पकड़ा, देखें CRPF के रिहा जवान की आपबीतीये भी पढ़ें: नक्सलियों ने अगवा CRPF जवान को छोड़ा, देखिए परिवार में जश्न की तस्वीरें

जवान का अनिवार्य विस्तृत स्वास्थ्य परीक्षण किया गया
बस्तर के पुलिस महानिरीक्षक संदरराज पी ने कहा कि 210वीं कमांडो बटालियन फॉर रिजॉल्यूट ऐक्शन (कोबरा) के कांस्टेबल राकेश्वर सिंह मनहास को माओवादियों द्वारा मुक्त कर दिया गया और वह ‘उसका पता लगाने गए मध्यस्थों के साथ शाम करीब साढ़े चार बजे सुरक्षिते तारेम पुलिस थाना पहुंच गया.’ केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (सीआरपीएफ) ने एक बयान में कहा कि जवान का ‘स्वास्थ्य ठीक है और मुक्त होने के तत्काल बाद उसका अनिवार्य विस्तृत स्वास्थ्य परीक्षण किया गया.’

नक्सलियों के चंगुल से वापस लौटे कोबरा जवान राकेश्वर सिंह, गृहमंत्री अमित शाह ने की बात

बल के छत्तीसगढ़ सेक्टर ने एक बयान में कहा, ‘उसके परिजनों को इस बारे में सूचित कर दिया गया है. कांस्टेबल ने फोन से (जम्मू में स्थित) अपने परिवार के लोगों से बातचीत की.’ प्रदेश सरकार के एक बयान में कहा गया कि मनहास को सामाजिक कार्यकर्ता पद्मश्री धर्मपाल सैनी, माता रुक्मणी आश्रम जगदलपुर, एक अन्य व्यक्ति तेलम बोरैय्या और आदिवासी समाज, बीजापुर के वरिष्ठ अधिकारियों के प्रयासों से मुक्त कराया जा सका.









Source link

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here