why himachal recalling sujanpur assembly elections after Mamata Banerjee defeat hpvk

0
18


पश्चिम बंगाल में आए चुनाव परिणाम के बाद अब हिमाचल की चार साल पहले की यादें ताजा हो गई.

Mamata Banerjee Lost: अहम बात यह है कि ममता बनर्जी हार के बाद भी बंगाल की सीएम बनने जा रही हैं, जबकि हिमाचल में ऐसा नहीं हुआ था.

शिमला. 18 दिसंबर 2017. हिमाचल प्रदेश विधानसभा (Himachal Assembly Elections) की 68 सीटों के नतीजे इसी दिन घोषित हुए थे. शुरुआती रुझानों में भाजपा को भारी बढ़त मिली और बाद में भाजपा ने 44 सीटें अपने नाम की. लेकिन भाजपा की जीत को कांग्रेस के राजेंद्र राणा ने फीका कर दिया. दरअसल, भाजपा के सीएम पद का चेहरा प्रेम कुमार धूमल (Prem Kumar Dhumal) सुजानपुर सीट से कांग्रेस के प्रत्याशी राजेंद्र राणा (Rajender Rana) से चुनाव हार गए. अब पश्चिम बंगाल में आए चुनाव परिणाम के बाद अब हिमाचल की चार साल पहले की यादें ताजा हो गई. क्योंकि ममता बनर्जी चुनाव हार गई लेकिन उनकी पार्टी बंपर सीटों पर जीती. ऐसे में हिमाचल विधानसभा चुनाव के नतीजों को बंगाल से जोड़कर देखा गया. सोशल मीडिया पर बंगाल के नतीजों के बाद कई लोगों ने ममता की हार को सुजानपुर सीट से जोड़कर देखा. सीएम पद के प्रत्याशी की हार दरअसल, विधानसभा चुनाव में हमीरपुर जिले की सुजानपुर सीट से कांग्रेस के राजेंद्र राणा और प्रेम कुमार धूमल आमने सामने थे. राणा की यह परांपरागत सीट थी. जबकि धूमल इससे पहले दूसरी सीट से लड़ते थे, लेकिन उन्हें भाजपा ने यहां से उतारा. चुनाव परिणाम में ममता की तरह धूमल ट्रैल कर रहे थे. बाद में फाइनल रिजल्ट में राजेंद्र राणा को 15656 और धूमल को 12834 वोट मिले और भाजपा का चेहरा धूमिल हो गया.दोनों ही हारों में कई समानताएं कुछ ऐसा ही ममता बनर्जी के साथ नंदीग्राम सीट से हुआ. उनकी की सरकार में मंत्री और ममता के खास रहे शुभेंद् अधिकारी ने ममता को मात दी.दरअसल, राजेंद्र राणा भी कभी धूमल के खास और करीबियों में शामिल थे. लेकिन बाद में मतभेदों के चलते राणा उनसे अलग हो गए और 2012 में आजाद चुनाव लड़कर जीते. बाद में उन्होंने कांग्रेस का दामन थाम लिया. अब सोशल मीडिया में लोगों ने ममता की हार के बाद सुजानपुर को याद किया. धूमल नहीं बने थे सीएम, ममता बनेंगी
अहम बात यह है कि ममता बनर्जी हार के बाद भी बंगाल की सीएम बनने जा रही हैं, जबकि हिमाचल में ऐसा नहीं हुआ था. हिमाचल में धूमल के दो करीबी विधायकों ने उनके लिए अपनी सीट छोड़ने का भी ऐलान कर दिया था, लेकिन धूमल ने सीएम बनने से इंकार कर दिया था. बाद में सात दिन तक चले घमासान में जयराम ठाकुर प्रदेश के सीएम बने. हिमाचल में अब 2022 में विधानसभा के चुनाव होने जा रहे हैं.



<!–

–>

<!–

–>




Source link

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here